# गोरखपुर से सिलीगुड़ी तक दौड़ेगा विकास का नया एक्सप्रेसवे, पूर्वी भारत की कनेक्टिविटी को मिलेगी रफ्तार
**गोरखपुर।** पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार और पश्चिम बंगाल के बीच सड़क संपर्क को मजबूत करने वाली **गोरखपुर–सिलीगुड़ी एक्सप्रेसवे परियोजना** को लेकर तैयारियां तेज हो रही हैं। करीब **520 किलोमीटर से अधिक लंबा यह ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे** गोरखपुर को सिलीगुड़ी से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण परियोजना माना जा रहा है।
यह एक्सप्रेसवे **उत्तर प्रदेश, बिहार और पश्चिम बंगाल** से होकर गुजरेगा। बिहार में इसके संभावित मार्ग में पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, शिवहर, सीतामढ़ी, मधुबनी, सुपौल, अररिया और किशनगंज जैसे जिले शामिल हैं।
### 🚧 कई जिलों को मिलेगा सीधा फायदा
एक्सप्रेसवे के निर्माण से उत्तर प्रदेश और बिहार के सीमावर्ती क्षेत्रों के साथ-साथ उत्तर बिहार और पश्चिम बंगाल के बीच आवागमन आसान होने की उम्मीद है। तेज और बेहतर सड़क कनेक्टिविटी से व्यापार, कृषि उत्पादों की आवाजाही, पर्यटन और औद्योगिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिल सकता है।
### 📍 नेपाल सीमा के नजदीकी क्षेत्रों के लिए भी महत्वपूर्ण
गोरखपुर–सिलीगुड़ी कॉरिडोर का एक बड़ा रणनीतिक महत्व भी है। इसका मार्ग उत्तर बिहार के उन क्षेत्रों के करीब से गुजरता है जो नेपाल सीमा के आसपास स्थित हैं। ऐसे में एक्सप्रेसवे बनने के बाद इन इलाकों की कनेक्टिविटी और आर्थिक गतिविधियों में तेजी आने की संभावना है।
### 🏗️ भूमि अधिग्रहण और एलाइनमेंट पर काम
परियोजना के लिए एलाइनमेंट, डीपीआर और भूमि अधिग्रहण से जुड़ी प्रक्रियाओं पर काम आगे बढ़ रहा है। निर्माण पूरा होने के बाद यह एक्सप्रेसवे पूर्वी उत्तर प्रदेश से लेकर उत्तर बिहार और उत्तर बंगाल तक सड़क नेटवर्क को एक नई गति दे सकता है।
**गोरखपुर–सिलीगुड़ी एक्सप्रेसवे सिर्फ एक सड़क परियोजना नहीं, बल्कि पूर्वी भारत के कई जिलों के लिए विकास, रोजगार और व्यापार के नए रास्ते खोलने वाला महत्वपूर्ण कॉरिडोर बन सकता है।**
गोरखपुर से सिलीगुड़ी तक दौड़ेगा विकास का नया एक्सप्रेसवे, पूर्वी भारत की कनेक्टिविटी को मिलेगी रफ्तार
“गोरखपुर से सिलीगुड़ी तक नई रफ्तार: 520+ किमी का एक्सप्रेसवे बदलेगा पूर्वी भारत का कनेक्टिविटी नेटवर्क”
WhatsApp पर हमें वीडियो भेजिए:
9643717373
💬 Comments
अपना Comment लिखें
पहला Comment आप करें! 💬